स्वर गोविन्दम् 2017 के लिये चित्रकूट स्टेडियम में हुआ भूमि पूजन

दिंनाक: 02 Nov 2017 19:55:00

जयपुर (विसंकें). राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कार्यक्रम स्वर गोविंदम् 2017 के लिये बुधवार को वैशाली नगर स्थित चित्रकूट स्टेडियम में भूमि पूजन सम्पन्न हुआ. कार्यक्रम की सफलता एवं पर्यावरण की शुद्धता के लिए वैदिक मंत्रोच्चार के साथ भूमि पूजन का कार्य संपन्न हुआ.

जयपुर प्रांत संघचालक डॉ. रमेश अग्रवाल जी, प्रान्त प्रचारक निम्बाराम जी, लघु उद्योग भारती के प्रकाशचन्द जी, पूर्व अध्यक्ष ओम जी मित्तल, राजस्थान क्षेत्र साहित्य परिषद के संगठन मंत्री विपिनचन्द्र जी, राष्ट्रसेविका समिति की सम्पर्क प्रमुख उषा मित्तल जी, सहित काफी संख्या में स्वयंसेवक परिवार सहित उपस्थित थे.

02 से 05 नवंबर तक केशव विद्यापीठ जामडोली में घोष वादकों का शिविर होगा, जिसमें घोषवादक स्वयंसेवक भाग लेंगे. घोष वादन, संचलन एवं कई उत्कृष्ट कार्यक्रमों का अंतिम समारोह स्थल चित्रकूट स्टेडियम होगा. जिसमें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत जी का सान्निध्य प्राप्त होगा. कार्यक्रमों की श्रेणी में शिविर स्थल जामडोली पर स्थित भारतीय पारम्परिक लोकवाद्य यंत्रों पर आधारित प्रदर्शनी है.

घर घर सम्पर्क में लगी मातृशक्ति, एक लाख दस हजार पत्रकों का वितरण

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विराट समारोह ‘स्वर गोविन्दम् 2017’ की तैयारियां अंतिम आकार ले रही हैं. इस समारोह का एक महत्वपूर्ण भाग है, सामाजिक सहभागिता एवं स्वयंसेवकों द्वारा परिवारों में जाकर संपर्क करना. स्वर युक्त समरसता, उत्साह, संस्कार व गुणवत्ता के कार्यक्रम को अधिक से अधिक लोगों को दिखाने का लक्ष्य रखा गया है, जिसके लिये स्वयंसेवकों ने प्रयास करते हुए एक लाख से अधिक परिवारों से संपर्क किया है. संघ की कार्य रचना के अनुसार 293 बस्तियां में हजारों स्वयंसेवक अनेक टोलियों में लगे हैं. परिवारों के अलावा जाति बिरादरी के प्रमुखों, सत्संग मंडलियों एवं कॉलोनियों की समितियों के अध्यक्ष से भी संपर्क का कार्य चल रहा है. इतने बड़े स्तर पर जनमानस को समारोह से अवगत कराने के लिए कोई भी विज्ञापन या होर्डिंग आदि का इस्तेमाल नहीं हुआ है, संपर्क जन-जन तक पहुंच कर ही पूरा हुआ है.

घोष गांव में पंहुचे घोष वादक

केशव विद्यापीठ जामडोली में जयपुर प्रान्त के स्वयंसेवकों का घोष शिविर गुरूवार से प्रारम्भ हुआ. तीन दिन तक चलने वाले शिविर में मारवाड़ी छटा राजस्थानी रंग में रंगी गयी है. शिविर में संघ के अखिल भारतीय शारीरिक शिक्षण प्रमुख जगदीश जी के साथ जयपुर प्रान्त के कार्यकर्ता भी प्रशिक्षण दे रहे हैं.

राजस्थानी वाद्यों की आकर्षक प्रदर्शनी

शिविर स्थल पर 108 प्रकार के राजस्थानी वाद्य-यन्त्रों की आकर्षक प्रदर्शनी 03 नवम्बर को प्रातः 10 बजे से रहेगी. जिसमें ऐतिहासिक और परम्परागत लोक वाद्यों के साथ अनेक नये वाद्य सम्मिलित किये गये है.