विदेश में रामायण-गीता पढ़ा रहा है कानपुर का आईआईटी

दिंनाक: 02 Feb 2018 15:07:28


भोपाल(विसंके). कानपुर के आईआईटी ने भारतीय ग्रंथों को विदेश तक पहुंचाने के लिए एक नई पहल शुरू की है। इससे दुनिया के 140 देशों के लोग गीता और रामायण पाठ कर रहे हैं। इसके लिए संस्थान के प्रोफेसर प्रभाकर टीवी ने धार्मिक ग्रंथों को विदेशियों तक पहुंचाने के लिए डिजिटल संस्करण तैयार किया है।


 इससे विदेश में बसे लोग आसानी से भारतीय ग्रंथों को पढ़ सकेंगे।। कानपुर आईआईटी के प्रोफेसर प्रभाकर टीवी ने बताया कि हमारी टीम ने रामायण, गीता, वेद, रामचरितमानस, ब्रह्मसू़त्र, नारद भक्ति सू़त्र, उपनिषद, योग सू़त्र,  श्री राम मंगल दासजी,  बाल्मीकि रामायण और सुन्दर कांड समेत संस्थान की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं। इन सभी का आडियो भी उपलब्ध है। उन्होंने आगे बताया कि सभी धार्मिक ग्रंथ संस्कृत भाषा के अलावा असम, बंगाली, मलयालम, गुजराती, उडिया, रोमन, तमिल और तेलुगु भाषा में उपलब्ध हैं। प्रोफेसर प्रभाकर ने आगे बताया कि गीता के श्लोक का अर्थ भी वेबसाइट पर उपलब्ध है। श्लोक पढ़ने के साथ−साथ उसका अर्थ भी समझ सके, इसके लिए अनुवाद की भी सुविधा उपलब्ध है।

साभार- हिन्दुस्तान  01-02-2018